1. 28 सितंबर 2026 मार्केट क्लोजिंग सारांश: वोलैटिलिटी के बीच बेंचमार्क इंडेक्स का प्रदर्शन

28 सितंबर 2026 के कारोबारी सत्र में भारतीय शेयर बाजार में भारी उतार-चढ़ाव और सेक्टर-वार मंथन देखने को मिला। मासिक वायदा (Monthly Expiry) हफ्ते की शुरुआत और वैश्विक बाजारों से मिले मिश्रित संकेतों के बीच घरेलू बेंचमार्क इंडेक्स निफ्टी 50 और बीएसई सेंसेक्स ने संकीर्ण दायरे में कारोबार किया। विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) की चुनिंदा लार्ज-कैप शेयरों में बिकवाली के मुकाबले घरेलू संस्थागत निवेशकों (DIIs) और खुदरा निवेशकों की निरंतर खरीदारी ने बाजार को निचले स्तरों पर ठोस सहारा दिया।

दिन के कारोबार में निफ्टी 50 ने 23,110 का निचला स्तर छुआ, लेकिन अंतिम घंटों में बैंकिंग और मेटल शेयरों में आई शॉर्ट-कवरिंग के दम पर इंडेक्स रिकवर होकर 23,175 के स्तर के करीब क्लोज होने में कामयाब रहा। वहीं, बीएसई सेंसेक्स में लगभग 180 अंकों के दायरे में कारोबार देखा गया।

प्रमुख इंडेक्स क्लोजिंग भाव बदलाव (अंक) प्रतिशत बदलाव इंट्राडे रेंज (Low – High)
NIFTY 50 23,175.40 +38.20 +0.17% 23,110.50 – 23,215.80
BSE SENSEX 76,210.85 +115.40 +0.15% 75,980.20 – 76,340.10
BANK NIFTY 51,340.60 +142.80 +0.28% 51,050.00 – 51,480.00
NIFTY MIDCAP 100 58,420.15 -65.30 -0.11% 58,250.00 – 58,600.00

2. सेक्टोरल प्रदर्शन: मेटल व पीएसयू बैंकों में खरीदारी, आईटी व ऑटो में मुनाफावसूली

आज के कारोबारी सत्र में सेक्टोरल इंडेक्स में मिला-जुला रुझान देखने को मिला। कमोडिटी कीमतों में स्थिरता और चीन से जुड़े नीतिगत संकेतों के चलते निफ्टी मेटल इंडेक्स 1.15% की बढ़त के साथ टॉप परफॉर्मर रहा। इसके अलावा सरकारी बैंकों (Nifty PSU Bank) में मजबूत क्रेडिट ग्रोथ और एसेट क्वालिटी में सुधार की उम्मीदों के चलते निवेशकों ने खरीदारी बनाए रखी।

दूसरी तरफ, अमेरिकी फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरों में कटौती की गति को लेकर अनिश्चितता और डॉलर इंडेक्स में मजबूती के चलते निफ्टी आईटी इंडेक्स 0.65% गिरकर बंद हुआ। ऑटो और फार्मा सेक्टर में भी ऊपरी स्तरों पर मुनाफावसूली दर्ज की गई।

सेक्टर इंडेक्स क्लोजिंग बदलाव (%) मुख्य मूवर्स व ट्रिगर्स
Nifty Metal 9,680.40 +1.15% Tata Steel, JSW Steel, Hindalco में मजबूत वॉल्यूम
Nifty PSU Bank 7,120.80 +0.72% SBI, Bank of Baroda, PNB में लॉन्ग बिल्डअप
Nifty IT 41,850.20 -0.65% TCS, Infosys, Wipro में हल्की प्रॉफिट बुकिंग
Nifty Auto 25,310.50 -0.38% त्योहारी सीजन से पहले स्टॉकिंग व मासिक बिक्री के आंकड़े का इंतजार

3. FII और DII संस्थागत डेटा: ₹1,450 करोड़ की नेट खरीदारी से बाजार को संबल

आज के संस्थागत आंकड़ों के अनुसार, घरेलू संस्थागत निवेशकों (DIIs) ने नकदी बाजार में आक्रामक खरीदारी जारी रखी। DIIs ने कुल ₹2,180 करोड़ की शुद्ध खरीदारी की, जबकि विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों (FPI/FII) ने ₹730 करोड़ की मामूली शुद्ध बिकवाली दर्ज की। संस्थागत स्तर पर लगभग ₹1,450 करोड़ का सकारात्मक प्रवाह बना रहा।

डेरिवेटिव्स सेगमेंट में FIIs का लॉन्ग-शॉर्ट रेशियो 58% के आसपास संतुलित बना हुआ है। निफ्टी ऑप्शन चेन के अनुसार 23,000 के स्ट्राइक पर सबसे मजबूत पुट राइटिंग (सपोर्ट) और 23,300 के स्ट्राइक पर प्रमुख कॉल राइटिंग (रेजिस्टेंस) मौजूद है। पुट-कॉल रेशियो (PCR) 1.05 पर टिका है, जो बाजार के न्यूट्रल-टू-बुलिश मूड को दर्शाता है।

4. आज के टॉप गेनर्स और टॉप लूजर्स (निफ्टी 50)

निफ्टी 50 बास्केट में 28 शेयर हरे निशान में जबकि 22 शेयर लाल निशान में बंद हुए:

टॉप गेनर्स (Top Gainers) क्लोजिंग भाव (₹) बढ़त (%) टॉप लूजर्स (Top Losers) क्लोजिंग भाव (₹) गिरावट (%)
Tata Steel ₹164.20 +2.45% Tech Mahindra ₹1,580.00 -1.65%
State Bank of India (SBI) ₹792.50 +1.80% Hero MotoCorp ₹5,410.20 -1.25%
Power Grid Corp ₹342.10 +1.65% Infosys ₹1,895.40 -0.95%
Hindalco Industries ₹685.00 +1.40% Sun Pharma ₹1,840.00 -0.80%

5. कल के कारोबारी सत्र के लिए 4 अहम ट्रिगर्स व PaisaKhabar वर्डिक्ट

अगले कारोबारी सत्र के लिए ट्रेडर्स और निवेशकों को निम्नलिखित 4 प्रमुख संकेतकों पर नजर रखनी चाहिए:

  1. निफ्टी 23,200 ब्रेकआउट: यदि इंडेक्स कल शुरुआती सत्र में 23,220 के ऊपर सस्टेन करता है, तो शॉर्ट-कवरिंग रैली इसे 23,350 की ओर ले जा सकती है। 23,080 नीचे का प्रमुख सपोर्ट बना रहेगा।
  2. कच्चा तेल व ब्रेंट क्रूड: ब्रेंट क्रूड $74 प्रति बैरल के आसपास स्थिर है। क्रूड में किसी भी तेज उछाल से ऑयल मार्केटिंग कंपनियों और पेंट स्टॉक्स पर दबाव आ सकता है।
  3. अमेरिकी वायदा व GIFT Nifty: रात में अमेरिकी बाजारों (Dow Jones व Nasdaq) का क्लोजिंग सेंटिमेंट कल सुबह के एशियाई बाजारों की दिशा तय करेगा।
  4. मंथली डेरिवेटिव एक्सपायरी: गुरुवार को होने वाली मासिक एक्सपायरी से पहले इंट्राडे वोलैटिलिटी बढ़ने की पूरी संभावना है, इसलिए ट्रेडर्स को सख्त स्टॉपलॉस के साथ काम करने की सलाह दी जाती है।

By Deepak Singh

Founder and Financial Content Writer at PaisaKhabar.in. Covering Banking, Loans, Government Schemes, and Personal Finance in simple Hindi.

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