नई दिल्ली (PaisaKhabar News Desk): हफ्ते के आखिरी कारोबारी सत्र में भारतीय शेयर बाजार ने जोरदार वापसी करते हुए ऐतिहासिक तेजी दर्ज की। बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स 1,109.10 अंकों यानी 1.54 फीसदी की मजबूत छलांग के साथ 73,033.78 के स्तर पर बंद हुआ। इसी तरह नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी 50 भी 358.60 अंकों या 1.60 फीसदी की जोरदार बढ़त के साथ 22,721.95 के पार बंद होने में कामयाब रहा। बैंक निफ्टी ने भी बाजार की इस बुल रन में पूरा साथ दिया और 563.05 अंकों की तेजी के साथ 55,481.05 के स्तर पर कारोबार समाप्त किया। इस शानदार तेजी से निवेशकों की संपत्ति में भारी इजाफा देखने को मिला है।
📌 मुख्य बिंदु (Key Highlights):
- सेंसेक्स 1,109.10 अंक उछलकर 73,033.78 के स्तर पर बंद हुआ
- निफ्टी 50 सूचकांक 358.60 अंक मजबूत होकर 22,721.95 के पार पहुंचा
- घरेलू संस्थागत निवेशकों (DII) ने ₹2,439.24 करोड़ की शुद्ध खरीदारी की
- विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) ने बाजार में ₹1,305.13 करोड़ की बिकवाली की
सेंसेक्स 1109 अंक उछला और निफ्टी 22721 के पार बंद हुआ
भारतीय शेयर बाजार में हफ्ते के इस कारोबारी सत्र में चौतरफा खरीदारी का माहौल देखा गया जिससे प्रमुख सूचकांकों ने लंबी छलांग लगाई। बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का सेंसेक्स 1,109.10 अंकों की जोरदार तेजी के साथ 73,033.78 के स्तर पर बंद हुआ, जबकि पिछले सत्र में यह 71,924.68 पर बंद हुआ था। कारोबार के दौरान सेंसेक्स ने 71,951.73 के स्तर पर खुलकर 73,045.67 का उच्च स्तर छुआ और इसका निचला स्तर 71,703.56 रहा। इस शानदार उछाल से बाजार के निवेशकों को पिछले सत्र के नुकसान से बड़ी राहत मिली और कारोबारी सेंटिमेंट पूरी तरह से सकारात्मक हो गया।
नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी 50 भी इस तेजी के रथ पर सवार होकर 358.60 अंकों यानी 1.60 फीसदी की बढ़त के साथ 22,721.95 के ऐतिहासिक स्तर पर बंद हुआ। पिछले कारोबारी सत्र में निफ्टी 22,363.35 पर बंद हुआ था। सत्र के दौरान निफ्टी ने 22,364.15 पर शुरुआत की और 22,721.95 के ऊपरी स्तर को छूते हुए निचले स्तर 22,288.45 तक गया। इसके अलावा, एनएसई बैंक निफ्टी सूचकांक ने भी 563.05 अंकों की बढ़त दर्ज करते हुए 55,481.05 के स्तर पर अपना कारोबार बंद किया, जो कि पिछली क्लोजिंग 54,918.00 से काफी ऊपर है।
संस्थागत निवेशकों का कैश मार्केट डेटा और FII-DII का रुख
बाजार की इस बड़ी तेजी में घरेलू संस्थागत निवेशकों (DII) ने मुख्य भूमिका निभाई और भारतीय बाजारों पर अपना भरोसा बनाए रखा। आधिकारिक कैश मार्केट डेटा के अनुसार, घरेलू संस्थागत निवेशकों ने कुल ₹16,232.97 करोड़ की शेयर खरीद की और ₹13,793.73 करोड़ के शेयर बेचे, जिससे उनका शुद्ध प्रवाह (Net Flow) ₹2,439.24 करोड़ के सकारात्मक आंकड़े पर रहा। घरेलू निवेशकों की इस मजबूत लिवाली ने विदेशी निवेशकों द्वारा की गई बिकवाली के असर को पूरी तरह बेअसर कर दिया और बाजार को नीचे गिरने से बचा लिया।
दूसरी ओर, विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII / FPI) का रुख इस सत्र में बिकवाल का रहा। FII ने कुल ₹13,465.39 करोड़ की खरीद की तुलना में ₹14,770.52 करोड़ की बिकवाली की, जिससे उनका शुद्ध प्रवाह (Net Flow) -1,305.13 करोड़ रुपये रहा। इसके बावजूद, घरेलू निवेशकों की आक्रामक खरीदारी और कुल संयुक्त संस्थागत नेट प्रवाह ₹1,134.11 करोड़ पॉजिटिव रहने के कारण बाजार में खरीदारों का पलड़ा भारी रहा और सूचकांक हरे निशान में मजबूती के साथ बंद हुए।
बाजार की बुल रफ्तार और सेक्टोरल लीडरशिप का व्यापक विश्लेषण
शेयर बाजार में आई इस धुआंधार तेजी के पीछे प्रमुख सेक्टरों में चौतरफा लिवाली और बेहतर कॉर्पोरेट उम्मीदें मुख्य वजह रहीं। बैंकिंग, आईटी, ऑटो और मेटल सेक्टर के शेयरों में जोरदार खरीदारी देखने को मिली, जिससे इंडेक्स को रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंचने में मदद मिली। विश्लेषकों का मानना है कि वैश्विक बाजारों से मिलेजुले संकेतों के बावजूद घरेलू अर्थव्यवस्था की मजबूत बुनियादी स्थिति और कंपनियों के आगामी तिमाही नतीजों की उम्मीदों ने निवेशकों का उत्साह बढ़ाया है। बाजार में आई इस बुल रफ्तार से निवेशकों की संपत्ति में भारी इजाफा दर्ज किया गया है।
| प्रमुख इंडेक्स | पिछला क्लोजिंग स्तर | ताज़ा क्लोजिंग स्तर | बदलाव (अंक / %) | प्रमुख सपोर्ट और रेजिस्टेंस |
|---|---|---|---|---|
| BSE Sensex | 71,924.68 | 73,033.78 | +1,109.10 (+1.54%) | सपोर्ट: ~72,350 | रेजिस्टेंस: ~73,700 |
| NSE Nifty 50 | 22,363.35 | 22,721.95 | +358.60 (+1.60%) | सपोर्ट: ~22,500 | रेजिस्टेंस: ~22,950 |
| NSE Bank Nifty | 54,918.00 | 55,481.05 | +563.05 (+1.03%) | सपोर्ट: ~55,100 | रेजिस्टेंस: ~55,900 |
तकनीकी तौर पर देखें तो बाजार ने अपने अहम मनोवैज्ञानिक स्तरों को पार करते हुए यह साबित कर दिया है कि निकट भविष्य में शॉर्ट-कवरिंग और बॉटम-फिशिंग का दौर जारी रह सकता है। हालांकि विदेशी निवेशकों की बिकवाली अभी भी एक सतर्कता का बिंदु है, लेकिन घरेलू म्युचुअल फंड्स और बीमा कंपनियों के पास उपलब्ध पर्याप्त तरलता (Liquidity) बाजार को किसी भी बड़ी गिरावट से सुरक्षा प्रदान कर रही है। आने वाले सत्रों में कंपनियों के तिमाही नतीजे और वैश्विक मैक्रोइकॉनॉमी के आंकड़े बाजार की अगली चाल तय करेंगे।
आगामी कारोबारी सत्र के प्रमुख टेक्निकल लेवल्स और रणनीति
अगले कारोबारी सत्र में निवेशकों और ट्रेडर्स को बाजार के तकनीकी चार्ट्स और सपोर्ट-रेजिस्टेंस लेवल्स पर गहरी नजर रखनी चाहिए ताकि जोखिम को नियंत्रित करते हुए बेहतर रिटर्न प्राप्त किया जा सके:
- चरण 1: सेंसेक्स के लिए आगामी सत्र में तत्काल सपोर्ट स्तर ~72,350 पर और महत्वपूर्ण रेजिस्टेंस स्तर ~73,700 पर बना हुआ है।
- चरण 2: निफ्टी 50 के लिए अगला महत्वपूर्ण सपोर्ट ~22,500 के आसपास है, जबकि ऊपरी छोर पर ~22,950 का स्तर कड़ा रेजिस्टेंस साबित हो सकता है।
- चरण 3: बैंक निफ्टी के लिए तत्काल सपोर्ट स्तर ~55,100 पर और कड़ा रेजिस्टेंस स्तर ~55,900 के स्तर पर देखा जा रहा है।
- चरण 4: ट्रेडर्स को सलाह दी जाती है कि वे किसी भी पोजीशन को लेने से पहले स्टॉपलॉस का सख्ती से पालन करें और संस्थागत निवेश के आंकड़ों पर नजर रखें।